Uncategorized

इंडस पब्लिक स्कूल-दीपका में धूमधाम से मनाया गया इको फ्रेंडली रक्षाबंधन पर्व, विद्यार्थियों ने विद्यालय परिसर में लगे सभी पेड़ों को राखी बाँधकर लिया आजीवन रक्षा का संकल्प।दिया पर्यावरण की सुरक्षा व संरक्षण का संदेश।

कोरबा – रक्षाबंधन का शाब्दिक अर्थ रक्षा करने वाला बंधन मतलब धागा है।इस पर्व पर बहनें अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती हैं और बदले में भाई जीवन भर उनकी रक्षा करने का वचन देते हैं।रक्षा बंधन को राखी या सावन महीने में पड़ने की वजह से श्रावणी या सलोनी भी कहा जाता है।यह श्रावण माह के पूर्णिमा  में पड़ने वाला हिंदू तथा जैन धर्म का प्रमुख त्योहार है।श्रावणी पूर्णिमा में  रेशम के धागे से बहन द्वारा भाई की कलाई पर बंधन बांधे जाने की रीत को रक्षाबंधन कहते हैं। इंडस पब्कि स्कूल-दीपका में रक्षाबंधन का पर्व बड़े ही धूमधाम व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।विद्यार्थियों ने पूजा की थाल सजाकर भाइयों की आरती की एवं तिलक लगाकर मिठाइयाँ खिलाई।।भाइयों ने अपने बहनों को विभिन्न नपहार दिए।गौरतलब है कि इंडस पब्लिक स्कूल-दीपका के विद्यार्थियों ने विद्यालय परिसर में सुशोभित वृक्षों भी राखी बांधा एवं उनकी रक्षा करने का संकल्प लिया।रक्षाबंधन के पर्व को विद्यार्थियों ने बड़े उत्साह के साथ मनाया।रंग-बिरंगे परिधानों में एक से बढ़कर एक राखियों के डिजाइनों को देखकर मन मोहित हाक जाता था।विद्यालय के संस्कृत अध्यापक श्री अरुण प्रधान ने मंत्रोच्चारण किया।तत्पश्चात सभी बहनों ने अपने  भाइयों की कलाइयों पर राखी बांधी।अधिकांश राखियाँ विद्यालय में आर्ट एवं क्राफ्ट विभाग द्वारा निर्मित किया गया था।विद्यार्थियों ने पेड़ों को राखी बांधकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इंडस पब्लिक स्कूल-दीपका की शिक्षिका रुमकी हलदर ने बताया कि श्रावण मास की पूर्णिमा पर मनाए जाने वाले इस पर्व का विशेष महत्तव है।भगवान श्री कृष्ण ने रक्षा सूत्र के विषय में युधिष्ठिर से कहा था कि अपनी सेना के साथ रक्षाबंधन का त्योहार मनाओ,इससे पांडवों और उनकी सेना की रक्षा होगी, विद्यालय के प्राचार्य डाॅ.संजय गुप्ता ने कहा कि यह त्योहार परिवार के साथ एकजुट होने का उत्सव है।यह पूरे वर्ष के दौरान प्रार्थनाओं की परिणिति है।रक्षाबंधन के दिन प्रत्येक भाई अपनी बहन की रक्षा का संकल्प लेता है।आल धरती पर हम सभी का प्रथम दायित्व पर्यावरण की रक्षा करना है।बच्चों ने वृक्षों को राखी बाँधकर एक मिसाल कायम की है।जहाँ एक ओर उन्होंने प्रकृति को हमारी रक्षा हेतु आशीष माँगा तो दूसरी ओर प्रकृति की रक्षा के लिए कदम बढ़ाया।इस कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं का विशेष सहयोग रहा।

Kush Sharma

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button