जनप्रतिनिधियों पर लग रहा भेदभाव का आरोप..
Korbavani.com। जनपद पंचायत क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत दोंदरो के संगम नगर में बारिश के बाद सड़क की बदहाल तस्वीर सामने आई है। कीचड़ से पूरी तरह लथपथ और जगह-जगह फिसलन से भरे इस मार्ग के कारण स्थानीय ग्रामीणों को रोजाना आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। ग्रामीणों के अनुसार चुनाव के दौरान जनप्रतिनिधियों की ओर से सड़क को पक्का कराने का आश्वासन दिया जाता है। ग्रामीणों का आरोप है कि दो पंचवर्षियों से अधिक समय बीत जाने के बावजूद संगम नगर की यह सड़क पक्की नहीं हो सकी है। बारिश के मौसम में मार्ग की स्थिति और भी खराब हो जाती है। कीचड़ और फिसलन के कारण पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है। दोपहिया वाहन चालकों को भी दुर्घटना का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने बताया कि सड़क की खराब स्थिति का असर दैनिक जीवन पर पड़ रहा है। आवश्यक कार्यों के लिए आने-जाने वाले लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है। ग्रामीणों का कहना है कि मूलभूत सुविधाओं में सड़क सबसे महत्वपूर्ण है, लेकिन इसके बावजूद उनकी समस्या पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
सीसी रोड और मरम्मत कार्यों को लेकर उठे सवाल– संगम नगर के ग्रामीणों ने सरपंच और जनपद सदस्य की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सीसी रोड निर्माण और सड़क मरम्मत के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए जाने की चर्चा है, लेकिन मौके पर इसका स्पष्ट असर दिखाई नहीं देता। ग्रामीणों ने मांग की है कि संबंधित कार्यों की जांच कर यह सार्वजनिक किया जाए कि किन स्थानों पर कितना निर्माण और मरम्मत कार्य कराया गया तथा उस पर कितनी राशि खर्च हुई। वहीं ग्रामीणों ने विकास कार्यों में भेदभाव किए जाने के आरोप भी लगाए हैं। उनका कहना है कि यदि क्षेत्र में विकास कार्यों के लिए राशि स्वीकृत होती है तो उसका लाभ वास्तविक जरूरत वाले स्थानों तक पहुंचना चाहिए। अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन और संबंधित विभाग पर है। उनका कहना है कि आश्वासन के बजाय स्थायी सड़क निर्माण कराया जाए, ताकि बारिश के दिनों में उन्हें कीचड़ और फिसलन भरे रास्ते से राहत मिल सके। ग्रामीणों ने मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करने और जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है।




