कोरबा

सहज-सरलता बनी जीत की वजह,भाजपा कार्यकर्ताओं की मेहनत रंग लाई..

Korbavani.com – कोरबा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी की जीत को लेकर तरह-तरह की अटकलें लगाई जा रही है लेकिन इसमें सबसे बड़ी भूमिका उनकी सहजता व सरलता रही। इसके अलावा पार्टी के पदाधिकारियों एवं बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं की मेहनत ने भी रंग जमाया और शायद इसी वजह से इतनी बड़ी जीत मिली है। इसके बाद शहर में चर्चा चल रही है कि एकतरफा जीत मिलने के पीछे प्रमुख कारण भाजपा हाईकमान द्वारा प्रत्याशी चयन रहा। चुनाव परिणाम आने के बाद शहर में इस बात को लेकर चर्चा सरगर्म है कि आखिरकार 3 बार के विधायक एवं प्रदेश के दबंग मंत्री रहे जयसिंह अग्रवाल को इतनी बड़े अंतर से पराजय क्यों मिली? हालांकि लखनलाल देवांगन को भाजपा हाईकमान ने दो माह पूर्व यहां से टिकट फायनल कर दिया था तभी से इस बात को लेकर चर्चा चल रही थी कि इस चुनाव में मुकाबला काफी रोचक रहेगा और जीत-हार को लेकर किसी तरह के दावे नहीं किए जा रहे थे। इसमें भाजपा व कांगे्रस के कार्यकर्ता शामिल थे जो यह दावा कर रहे थे कि इस बार चुनाव में मुकाबला काफी कांटे का रहेगा। वहीं दूसरी ओर लखनलाल देवांगन को प्रत्याशी बनाए जाने के बाद भाजपाईयों में बूथ से लेकर जिला स्तर के पदाधिकारियों में एक नए उत्साह का संचार हुआ। पिछले 15 वर्षों से हार की दंश झेल रहे भाजपाई भी एकजुट हो गए। शुरूआत में ऐसा प्रतीत हो रहा था कि सभी मामले में भाजपा प्रत्याशी पीछे चल रहे हैं क्योंकि कांग्रेस प्रत्याशी हर क्षेत्र में मजबूत दिखाई पड़ रहे थे लेकिन आचार संहिता लगने के बाद भाजपाई खेमे में एकाएक उत्साह का संचार हुआ और यह अंत तक जारी रहा जिसका परिणाम सामने आया है कि कोरबा से लखनलाल ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। जानकारों का कहना है कि पिछले अन्य चुनावों की भरपाई भाजपा प्रत्याशी ने कर दिया है क्योंकि जीत का आंकड़ा 25 हजार से भी अधिक है।0 जनता के साथ कार्यकर्ताओं का आभारविधायक बनने के बाद लखनलाल देवांगन ने पहली प्रतिक्रिया जारी करते हुए कहा कि इस जीत के पीछे कार्यकर्ताओं की बड़ी भूमिका तो रही है लेकिन जिस तरह से पूरे क्षेत्र की जनता ने आशीर्वाद दिया है उसका स्वागत है क्योंकि पूर्व में भाजपा को विधानसभा चुनाव के दौरान कभी भी इस तरह का सहयोग नहीं मिला है। इसी वजह से यह जीत काफी मायने रखती है। उन्होंने कहा कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं सहित बूथ लेवल के कार्यकर्ताओं ने अपनी क्षमता से अधिक कार्य किया जिसकी वजह से आज मैं इस स्थिति तक पहुंचा हूं। उन्होंने कहा कि जिलाध्यक्ष डॉ. राजीव सिंह के अलावा अशोक चावलानी, विकास महतो, जोगेश लांबा, गोपाल मोदी, नवीन पटेल, हितानंद अग्रवाल, प्रफुल्ल तिवारी, आरिफ खान, नरेन्द्र देवांगन, राजेन्द्र अग्रवाल, अमित नवरंगलाल, मनोज यादव, समीर पाण्डेय सहित मंडल के अध्यक्ष, पदाधिकारी, महिल प्रकोष्ठ, युवा प्रकोष्ठ एवं सभी मोर्चा प्रकोष्ठों के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं की भूमिका अहम रही।

Kush Sharma

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button