स्विमिंग पूल में अठखेलियां कर प्रसन्न हो रहे समर कैंप के विद्यार्थी।
Korbavani.com- आज की इस तनाव भरी जिंदगी में यदि हम अपने तन और मन को फिट और तंदुरुस्त नहीं रख पाएंगे तो हमें बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ता है। शरीर को फिट और तंदुरुस्त रखने के लिए स्विमिंग सबसे अच्छा माध्यम होता है। तैराकी की कला अगर हमें आती है और प्रतिदिन हम नियमित रूप से इसका प्रयोग करते हैं तो हम स्वस्थ रहते हैं ।हमारा मन और तन दोनों तंदुरुस्त रहता है। स्विमिंग के फायदे ही फायदे होते हैं, लेकिन समय अभाव के कारण हम इस पर ध्यान नहीं दे पाते। अधिकांश डॉक्टर सप्ताह में डेढ़ सौ मिनट करने की सलाह देते हैं ।तैराकी पूरे शरीर और हृदय को स्वस्थ बनाने का बेहतर तरीका है। यह वजन कम करने मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ाने और अस्थमा, अनिद्रा आदि का इलाज करने में सहायक होता है ।प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से तैराकी मानव शरीर के लिए लाभदायक ही होती है। स्विमिंग करने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इससे हमारी बॉडी फिट रहती है ।हम आनंदित महसूस करते हैं ।तैराकी मांसपेशियों को मजबूत बनाने के साथ ही साथ कार्डियोवैस्कुलर स्वास्थ्य को भी अच्छा रखता है। तैरने के दौरान हमारे श्वास लेने की क्षमता में भी वृद्धि होती है। नियमित रूप से स्विमिंग करने से रक्त शर्करा और रक्तचाप को भी नियंत्रित किया जा सकता है। आज की स्थिति में यह एक प्रसिद्ध कला का रूप धारण कर चुकी है ।हम स्विमिंग के क्षेत्र में भी अपना करियर बना सकते हैं इस कला को विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर में भी खेल के क्षेत्र में स्थान मिल चुका है ।अगर हम इस कला में पारंगत हैं और हमने स्विमिंग के विभिन्न फॉम सीख लिए तो बेशक हम इस क्षेत्र में भी अपना नाम और पहचान कायम रख सकते हैं।
*इंडस पब्लिक स्कूल दीपका में संचालित समर कैंप में* प्रतिभागियों को *स्विमिंग* के विभिन्न फॉम का प्रशिक्षण दिया जा रहा है ।विशेष प्रशिक्षकों द्वारा प्रतिभागियों को स्विमिंग के विभिन्न तरीकों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है ।दीपका में संचालित इंडस पब्लिक स्कूल जो कि कोरबा जिले का एकमात्र ऐसा स्कूल है जहां विद्यार्थियों की प्रतिभा को निखारने के लिए स्विमिंग पूल की व्यवस्था की गई है ,यहां नियमित रूप से प्रशिक्षक बच्चों को स्विमिंग के विभिन्न फॉर्म की ट्रेनिंग देते हैं। समर कैंप में प्रशिक्षक बच्चों को स्विमिंग के विभिन्न तरीकों के बारे में विस्तार से बता रहे हैं। स्विमिंग पूल में उन्हें फ्लोटिंग ,स्टैंडिंग ,बैलेंसिंग एवं किक की विस्तार से जानकारी दे रहे हैं। स्विमिंग प्रशिक्षक ने बच्चों को बताया कि पानी में हम अपने शरीर को जितना सीधा रखेंगे ग्लाइडिंग उतनी ही अच्छी होती है स्विमिंग करते समय हमारी नजर काली पट्टी पर होनी चाहिए और अपने लक्ष्य पर ध्यान रखना चाहिए। प्रशिक्षक ने बच्चों को बटरफ्लाई स्ट्रोक भी सिखाई। इसके अलावा डॉल्फिन कॉल, केचप स्ट्रोक ,डबल टूजेन इत्यादि भी सिखाया जा रहा है। सभी स्विमिंग फॉम का बच्चे जमकर लुत्फ उठा रहे हैं।
स्विमिंग प्रशिक्षण में इंचार्ज टीचर स्वाति सिंह ,निकिता थापा ,अपराजिता सिंह एवं संगीता सिंह- का विशेष सहयोग प्रतिभागियों को मिल रहा है जिनके मार्गदर्शन में स्विमिंग पूल में विद्यार्थी की सुरक्षा का विशेष ख्याल रखा जा रहा है। साथ ही इन शिक्षिकाओं के द्वारा विद्यार्थियों को तैराकी कला को विस्तार से समझाने का प्रयास किया जा रहा है।
समर कैंप में होने वाली सभी एक्टिविटीज के आयोजन में विद्यालय की प्राइमरी एवं प्री प्राइमरी शैक्षणिक प्रभारी श्रीमती सोमा सरकार का विशेष सहयोग है। जिनके मार्गदर्शन में कैंप में संचालित सभी एक्टिविटीज हो रही है और विद्यार्थी लाभ उठा रहे हैं। विद्यालय के यशस्वी प्राचार्य डॉ संजय गुप्ता ने कहा कि इस बात में कोई संदेह नहीं है कि आज हम इस कला को सीख कर पद ,नाम व पहचान बना सकते हैं। आज ओलंपिक जैसे बड़े आयोजनों में भी तैराकी को स्थान मिल चुका है। यदि हमारी इस कला में अच्छी पकड़ है तो हम आसानी से अपनी मंजिल को प्राप्त कर समाज व देश का नाम रोशन कर सकते हैं और हम अपनी हर महत्वाकांक्षाओं को पूरा कर सकते है ।तैराकी से हमारी सेहत में कई लाभदायक प्रभाव पड़ते हैं ।जैसे हमारी मांसपेशियां मजबूत होती हैं ,साथ ही हड्डियों को भी मजबूती मिलती है ।हमारे शरीर में संतुलन बना रहता है और हमें स्फूर्ति का अनुभव होता है। स्विमिंग एक तरह का एरोबिक एक्सरसाइज है जो हार्ट को ताकत देता है और ब्लड को कम करने में मदद करता है। इससे हमारे पूरे शरीर का वर्क आउट होता है। इससे ना सिर्फ हमारे शरीर का तापमान संतुलित रहता है बल्कि हमारा दिल भी सही गति से धड़कता है अर्थात हमारा दिल मजबूत होता है। स्विमिंग से हमारा संपूर्ण शारीरिक व्यायाम होता है क्योंकि इससे हमारा पूरा शरीर एक्टिवेट हो जाता है अतः यह हम सभी के लिए बहुत फायदेमंद है चाहे हमारी उम्र कोई भी हो। हमारा उद्देश्य बच्चों का सर्वांगीण विकास करना ही है। उनकी प्रतिभाओं को निखार कर हम उन्हें एक विशेष पहचान देना चाहते हैं और यही हमारी शिक्षण संस्था का प्रारंभ से उद्देश्य रहा है।











